कोल्हापुर: आंदोलन अंकुश संगठन की तरफ से दानी लोग औरकिसानों द्वारा पैसा जुटाकर गन्ने की रिकवरी चेक करने के लिए लैब बनाई जाएगी। आंदोलन अंकुश संगठन के प्रमुख धनाजी चुड़मुंगे ने विश्वास जताया कि, इससे चीनी मिलों द्वारा चीनी रिकवरी में की जाने वाली लूट का पर्दाफाश होगा। गन्ने की रिकवरी चेक करने के लिए यह लैब शिरोल-नृसिंहवाडी रोड पर किसान तौल कांटे पर बनाई जाएगी। इसके लिए चंदा इकट्ठा करने का काम सोमवार, गणतंत्र दिवस से शुरू हुआ। पहले ही दिन 60 हजार से ज्यादा चंदा इकट्ठा हुआ।
इस बारे में जानकारी देते हुए ‘आंदोलन अंकुश’ के प्रमुख धनाजी चुड़मुंगे ने कहा कि आंदोलन अंकुश संगठन ने घटतौली रोकने के लिए चंदा जुटाकर किसानों का तौल कांटा बनाया है। इससे इस इलाके में घटतौली रोकने में सफलता मिली है। अब हमने गन्ना रिकवरी पर ध्यान दिया है। किसानों के लिए गन्ने की कीमत फैक्ट्रियों की रिकवरी पर निर्भर करती है। लेकिन फैक्ट्रियां कम रिकवरी दिखाती हैं। इस वजह से किसानों को लगता है कि उन्हें गन्ने की कम कीमत मिलती है।
उन्होंने कहा, असल में, राज्य सरकार को रिकवरी चेक करने के लिए थर्ड-पार्टी सिस्टम बनाने की ज़रूरत थी। लेकिन, चूंकि कई चीनी मिलर्स खुद सरकार में हैं, इसलिए ऐसा नहीं किया गया है। अब हम लेबोरेटरी के जरिए किसानों को सही जानकारी देंगे। संगठन के जिला प्रमुख दीपक पाटिल ने कहा कि, उन्होंने शिरोळ तालुका के हर गांव से दानी लोग और किसानों से फंड इकट्ठा करने और आने वाले सीजन तक लेबोरेटरी शुरू करने का संकल्प लिया है।तालुका प्रमुख नागेश काले ने तालुका के किसानों से फंड इकट्ठा करने में सहयोग करने की अपील की।

















