लखनऊ : भारतीय गन्ना अनुसंधान संस्थान में उत्तम गुड़ उत्पादन, प्रसंस्करण और मूल्यवर्धन तकनीक पर पाँच दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू हो गया है। प्रशिक्षण में प्रतिभागियों को गुड़ उत्पादन की उन्नत तकनीकों के विभिन्न पहलुओं पर जानकारी दी जाएगी। भास्कर में प्रकाशित खबर में कहा गया है की, यह कार्यक्रम उद्यमिता व कौशल विकास के तहत आयोजित किया जा रहा है, जिसमें पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश और उत्तर प्रदेश के 20 प्रशिक्षणार्थी भाग ले रहे हैं। प्रशिक्षण सोमवार को शुरू हुआ।
प्रशिक्षण में गन्ने की उन किस्मों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा जो गुड़ बनाने के लिए उपयुक्त हैं, साथ ही गन्ना उत्पादन की आधुनिक तकनीकों पर भी चर्चा होगी। संस्थान द्वारा विकसित श्रम शक्ति कम करने वाले उपकरणों के बारे में भी बताया जाएगा, जो गन्ना खेती में लगने वाले श्रम को घटाने में सहायक हैं। प्रशिक्षण का उद्देश्य उत्तम गुणवत्ता वाला गुड़ बनाने की आधुनिक विधियों और मूल्यवर्धित उत्पादों के निर्माण में कौशल विकसित करना है। प्रशिक्षण कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह की अध्यक्षता संस्थान के निदेशक डॉ. दिनेश सिंह ने की। इस अवसर पर कृषि अभियंत्रण विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. एम. के. सिंह, प्रधान वैज्ञानिक एवं प्रशिक्षण निदेशक डॉ. दिलीप कुमार, डॉ. आर. यू. मोदी, प्रशिक्षण समन्वयक राजीव रंजन राय और मिथिलेश तिवारी, डॉ. श्यामनाथ, डॉ. हिमांशु शेखर पाण्डेय, डॉ. प्रियंका, डॉ. विनिका सिंह, रानी मिश्रा और श्रीमती ज्योति सिंह उपस्थित थे।

















