नई दिल्ली : इंटीग्रेटेड शुगर मिलों की आय वित्त वर्ष 2025-26 (FY26) में लगभग 5–8% तक वृद्धि दर्ज कर सकती है। यह वृद्धि मुख्य रूप से गन्ने की बेहतर उपलब्धता और चीनी की स्थिर कीमतों के कारण होने की संभावना है।हालांकि, लाभ मार्जिन लगभग स्थिर रहने की संभावना है, क्योंकि गन्ने की कीमतें बढ़ गई हैं, जबकि एथेनॉल की कीमतों में ज्यादा बदलाव नहीं हुआ है। रेटिंग एजेंसी ICRA ने अपनी रिपोर्ट में यह बात कही। शुगर ईयर 2026 (SY2026) के लिए गन्ने का फेयर एंड रिम्यूनरेटिव प्राइस (FRP) ₹15 बढ़ाकर ₹355 प्रति क्विंटल कर दिया गया है। यह कीमत 10.25% की बेसिक रिकवरी दर के आधार पर तय की गई है।
ICRA का अनुमान है कि, इंटीग्रेटेड शुगर मिलों का ऑपरेटिंग मार्जिन FY26 में लगभग 10–10.5% के दायरे में रहेगा, जबकि पिछले वर्ष यह 9.6% था। रेटिंग एजेंसी के अनुसार FY26 में शुगर मिलों की आय में 5–8% की मध्यम वृद्धि रहने का अनुमान है, जिसे बेहतर गन्ना उपलब्धता और स्थिर चीनी कीमतों का समर्थन मिलेगा। ICRA ने यह भी कहा कि, उसके सैंपल में शामिल कंपनियों की उधारी FY26 में कम होने की संभावना है। इसका कारण मुनाफे में वृद्धि और डिस्टिलरी लोन की अदायगी है, जिससे कंपनियों की कैपिटल स्ट्रक्चर बेहतर और कवरेज मेट्रिक्स मजबूत हो सकते हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, शुगर ईयर 2026 (अक्टूबर से सितंबर) में अंतरराष्ट्रीय चीनी कीमतें अभी उत्पादन लागत और घरेलू कीमतों से कम बनी हुई हैं। इसका मुख्य कारण ब्राजील से अधिक आपूर्ति है। वैश्विक स्तर पर SY2025-26 में चीनी उत्पादन लगभग 189.3 मिलियन मीट्रिक टन रहने का अनुमान है, जो पिछले वर्ष से 5% अधिक है। वहीं, खपत लगभग 178.1 मिलियन मीट्रिक टन रहने का अनुमान है, जो सालाना आधार पर करीब 1% ज्यादा है।
हालांकि, भारत में घरेलू मांग-आपूर्ति की स्थिति संतुलित बनी हुई है।इंडियन शुगर मिल्स एसोसिएशन (ISMA) के तीसरे अग्रिम अनुमान के अनुसार SY2026 में सकल चीनी उत्पादन 9.4% बढ़कर 32.41 मिलियन मीट्रिक टन हो सकता है, जबकि पिछले वर्ष यह 29.6 मिलियन मीट्रिक टन था। ICRA के अनुसार लगभग 3.1 मिलियन मीट्रिक टन चीनी एथेनॉल उत्पादन के लिए डायवर्ट होने के बाद शुद्ध चीनी उत्पादन 29.3 मिलियन मीट्रिक टन रहने की संभावना है।
भारत एथेनॉल ब्लेंडिंग के लक्ष्य की दिशा में लगातार आगे बढ़ रहा है। ESY2026 के पहले तीन महीनों में 19.98% ब्लेंडिंग अनुपात हासिल किया गया, जिसमें 239 करोड़ लीटर एथेनॉल मिलाया गया। इनमें से 59.2 करोड़ लीटर जनवरी 2026 में मिलाया गया। रिपोर्ट के अनुसार, घरेलू खपत 28.3 मिलियन मीट्रिक टन और निर्यात 0.7 मिलियन मीट्रिक टन रहने के अनुमान के साथ समापन चीनी भंडार लगभग 5.6 मिलियन मीट्रिक टन तक पहुंच सकता है, जो लगभग दो महीने की खपत के बराबर है।


















