जकार्ता : इंडोनेशिया के एनर्जी और मिनरल रिसोर्स मंत्री बहलिल लहदालिया ने कहा कि, सरकार क्लीन एनर्जी का इस्तेमाल बढ़ाने के अपने प्लान के तहत, अमेरिका से एथेनॉल इंपोर्ट करने के लिए तैयार है। VOI ने यह जानकारी दी।मंत्री बहलिल ने कहा कि, सरकार गैसोलीन और एथेनॉल की ब्लेंडिंग को ज़रूरी बनाने की योजना बना रही है। उन्होंने बताया कि इस कदम का मकसद इंडोनेशिया में नए बिज़नेस के मौके बनाना और देश के एनर्जी सेक्टर को मज़बूत करना है।
उन्होंने साफ़ किया कि, एथेनॉल इंपोर्ट पर तभी विचार किया जाएगा जब घरेलू प्रोडक्शन देश की ज़रूरतों से कम हो। जब तक लोकल आउटपुट काफ़ी है, इंपोर्ट की ज़रूरत नहीं होगी। उन्होंने आगे कहा कि, अमेरिका से इंपोर्ट सहित कोई भी इंपोर्ट, घरेलू प्रोडक्शन बढ़ाने की कोशिशों के साथ-साथ चलेगा। मंत्री ने कहा कि, एथेनॉल ब्लेंडिंग प्रोग्राम एनर्जी इंडिपेंडेंस को सपोर्ट करने और देश की एनर्जी सिक्योरिटी को मज़बूत करने के लिए बनाया गया है। सरकार ने धीरे-धीरे ज़रूरी बायोएथेनॉल ब्लेंड शुरू करने का वादा किया है, जिसकी शुरुआत 2028 में E5 से होगी और 2030 में E10 तक जाएगी। प्रोडक्शन, डिस्ट्रीब्यूशन सिस्टम और सपोर्टिंग इंफ्रास्ट्रक्चर की तैयारी के आधार पर E20 की ओर भी प्लान बनाए जा रहे हैं।
ट्रांज़िशन फेज़ के दौरान, इंडोनेशिया घरेलू ज़रूरतों के आधार पर और सोच-समझकर, अमेरिका समेत कई पार्टनर्स के साथ ट्रेड कोऑपरेशन की इजाज़त देगा। साथ ही, नेशनल बायोएथेनॉल इंडस्ट्री की लॉन्ग-टर्म ग्रोथ पक्का करने के लिए लोकल प्रोडक्शन कैपेसिटी को मज़बूत करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं।मंत्री बहलिल ने कहा कि, एनर्जी और मिनरल रिसोर्स सेक्टर में रेसिप्रोकल ट्रेड एग्रीमेंट को धीरे-धीरे और नेशनल इंटरेस्ट के हिसाब से लागू किया जाएगा। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि इस एग्रीमेंट से सभी पक्षों को फ़ायदा होना चाहिए।


















