क्वाज़ुलु-नताल : साउथ अफ्रीकन फार्मर्स डेवलपमेंट एसोसिएशन (SAFDA) ने चेतावनी दी है कि, टोंगाट हुलेट के लिक्विडेशन से क्वाज़ूलू-नताल के 15,446 गन्ना किसान प्रभावित होंगे। छोटे किसान खतरे में हैं। टोंगाट (मेडस्टोन), गिंगिंडलोवु (अमातिगुलु) और एम्पांगेनी (फेलिक्सटन) में तीन मिलों को किसान गन्ना सप्लाई करते हैं। SAFDA की चेयरपर्सन डॉ. सियाबोंगा मदलाला ने कहा कि, टोंगाट हुलेट बंद होने से छोटे किसान सबसे ज़्यादा खतरे में हैं।
उन्होंने कहा कि, उनसे 31 मार्च 2026 को खत्म होने वाले सीज़न में दस लाख टन से ज़्यादा गन्ना देने और लगभग R845.7 मिलियन की कमाई करने की उम्मीद है। कंपनी को बचाने की कोशिशें नाकाम होने के बाद बिज़नेस रेस्क्यू प्रैक्टिशनर्स (BRPs) ने टोंगाट हुलेट को लिक्विडेट करने का कदम उठाया है। उन्होंने बिज़नेस रेस्क्यू खत्म करने और ग्रुप को प्रोविजनल लिक्विडेशन में डालने के लिए क्वाज़ूलू-नताल हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। BRPs ने कहा कि, उन्होंने 1892 में बनी कंपनी को बचाने के सभी सही रास्ते आज़मा लिए हैं। लिक्विडेशन का असर सिर्फ़ साउथ अफ्रीका में टोंगाट ह्यूलेट लिमिटेड पर पड़ेगा। ज़िम्बाब्वे, मोजाम्बिक और बोत्सवाना में ऑपरेशन जारी हैं।

















