पूर्वी चंपारण : जिले में एक और चीनी मिल स्थापित करने की योजना बनाई जा रही है। यह चीनी मिल मोतिहारी से आगे कल्याणपुर या फिर चकिया में ही स्थापित किया जाएगा। ज़ी झारखंड बिहार में प्रकाशित खबर में कहा गया है की, इसके लिए जिला प्रशासन की बेतिया राज की जमीनों पर नजर है। जिला प्रशासन के पास बेतिया राज की 500 एकड़ से ज्यादा जमीन रामगढ़वा में है, लेकिन दिक्कत यह है कि यहां से सुगौली चीनी मिल की दूरी 15 किलोमीटर ही है। इसका मतलब यह हुआ कि अगर रामगढ़वा में चीनी मिल स्थापित होता है तो पूर्वी चंपारण की दोनों चीनी मिलें आसपास हो जाएंगी और दोनों में प्रॉपर तरीके से गन्ने की आपूर्ति भी नहीं हो पाएगी। मोतिहारी में भी बेतिया राज की 70 एकड़ जमीन है, लेकिन यह चीनी मिल की स्थापना के लिहाज से पर्याप्त नहीं होगी।
जिलाधिकारी सौरभ जोरवाल ने कहा कि, पूर्व में जो चीनी मिलें यहां चलती थीं और बंद हो गई थीं, उन्हें चालू करवाना अब संभव नहीं है। इसका कारण बताते हुए वे कहते हैं कि दोनों मिलों से अधिकांश सामान गायब हो चुके हैं। ये दोनों चीनी मिलें निजी क्षेत्र की थीं, जिनके बारे में वे फैसला नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि, चीनी मिल के लिए कम से कम 100 एकड़ जमीन की जरूरत होती है। अगर 100 एकड़ जमीन एक जगह नहीं मिली तो फिर अधिग्रहण की प्रक्रिया अपनाई जा सकती है।इसके लिए वे जल्द से जल्द जगह फाइनल कर सरकार को भेजने वाले हैं।

















